नैनो डीएपी और नैनो यूरिया के उपयोग से बढ़ी उपज, किसान लूचरण टंडन ने साझा किए अनुभव
रायपुर । बलौदाबाजार जिले के किसानों के बीच नैनो उर्वरकों के प्रति विश्वास लगातार बढ़ रहा है। विकासखंड सिमगा के ग्राम कचलोन निवासी प्रगतिशील किसान लूचरण टंडन ने बताया कि उन्होंने अपनी 5 एकड़ कृषि भूमि में गत वर्ष धान की खेती के दौरान रासायनिक खाद की जगह नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया का उपयोग किया। उन्होंने बताया कि ये उर्वरक उन्हें आसानी से एवं किफायती दर पर उपलब्ध हो गए तथा इनका खेत में छिड़काव करना भी बेहद सरल रहा।
किसान ने बताया कि नैनो डीएपी और नैनो यूरिया के उपयोग से उनकी भूमि की उर्वरा शक्ति में सुधार हुआ है तथा धान की फसल के उत्पादन में भी पहले की अपेक्षा उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि नैनो उर्वरकों के उपयोग से लागत कम होने के साथ-साथ बेहतर परिणाम प्राप्त हुए हैं, जिससे खेती अधिक लाभकारी बनी है। उन्होंने जिले के सभी किसानों से अपील करते हुए कहा कि वे भी नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया का उपयोग कर आधुनिक एवं संतुलित खेती को अपनाएं, ताकि उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ मिट्टी की गुणवत्ता भी सुरक्षित रखी जा सके।

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