देवभोग पुलिस की बड़ी एयरस्ट्राइक: डेढ़ क्विंटल गांजे के साथ अंतरराज्यीय गिरोह पस्त, घेराबंदी के दौरान पुलिस को टक्कर मारने की कोशिश; 75 लाख की खेप जप्त

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नंबर प्लेट बदलकर ओडिशा से एमपी खपाने की थी तैयारी; फिल्मी स्टाइल में पीछा कर पकड़े गए 1 नाबालिग सहित 5 तस्कर, अनियंत्रित होकर पलटीं गाड़ियां

देवभोग। जिले की देवभोग पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी और साहसिक कार्रवाई को अंजाम दिया है। एक हाई-वोल्टेज चेजिंग के बाद पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करी नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए दो कारों से करीब डेढ़ क्विंटल (150 किलो) गांजा बरामद किया है। जप्त किए गए मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत बाजार में 75 लाख रुपये आंकी गई है। इस कार्रवाई में पुलिस ने एक नाबालिग समेत कुल पांच आरोपियों को दबोचने में सफलता पाई है।

पुलिस को देख भागने लगे तस्कर, मारने की कोशिश की टक्कर

पुलिस को मुखबिर से सटीक सूचना मिली थी कि तस्करों का एक जत्था भारी मात्रा में गांजा लेकर ओडिशा की सीमा से छत्तीसगढ़ में प्रवेश कर रहा है। सूचना मिलते ही देवभोग पुलिस ने इलाके में नाकाबंदी कर सघन जांच शुरू की। पुलिस की घेराबंदी देख तस्करों ने वाहन मोड़कर भागने का प्रयास किया। इस दौरान बेखौफ तस्करों ने पीछा कर रही पुलिस टीम को रोकने के लिए अपनी गाड़ियों से पुलिसकर्मियों को टक्कर मारने की भी कोशिश की, लेकिन मुस्तैद जवानों ने खुद को बचाते हुए पीछा जारी रखा।

तेज रफ्तार में अनियंत्रित होकर पलटीं कारें, घेराबंदी कर दबोचे गए आरोपी

पुलिस से बचने के लिए तस्कर अपनी स्विफ्ट कारों को बेहद तेज रफ्तार में दौड़ा रहे थे। इसी आपाधापी में दोनों कारें अनियंत्रित होकर सड़क किनारे दुर्घटनाग्रस्त हो गईं। मौके का फायदा उठाते हुए अलग-अलग टीमों में बंटी पुलिस ने चारों ओर से घेराबंदी की और भागने की कोशिश कर रहे सभी पांचों आरोपियों को धरदबोचा।

मध्य प्रदेश के हैं आरोपी, पहचान छिपाने के लिए बदली थी नंबर प्लेट

पकड़े गए आरोपियों की तलाशी लेने पर वाहनों के भीतर से डेढ़ क्विंटल गांजा बरामद हुआ। जांच में यह सनसनीखेज खुलासा हुआ कि तस्करों ने पुलिस को चकमा देने के लिए अपनी गाड़ियों पर लगी मध्य प्रदेश की नंबर प्लेट हटाकर छत्तीसगढ़ (CG) की फर्जी नंबर प्लेट लगा रखी थी। गिरफ्तार आरोपी मध्य प्रदेश के विभिन्न जिलों के निवासी बताए जा रहे हैं, जिनकी उम्र 22 से 26 वर्ष के बीच है।
पूछताछ में हुए अहम खुलासे:

  • आरोपी एक संगठित गिरोह के लिए काम करते हैं।
  • ओडिशा से माल उठाकर एमपी के बड़े शहरों में खपाने का था प्लान।
  • खेप सुरक्षित पहुंचाने के बदले इन्हें ‘कमीशन’ के रूप में मोटी रकम मिलती थी।

मुख्य सरगना की तलाश, एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज

देवभोग पुलिस ने पकड़े गए सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया है। पुलिस अब इस अवैध कारोबार के ‘मास्टरमाइंड’ और नेटवर्क के अन्य सफेदपोश सदस्यों की तलाश में जुट गई है। गौरतलब है कि देवभोग पुलिस पिछले कुछ समय से गांजा तस्करों के खिलाफ काल बनकर उभरी है। इससे पहले भी मध्य प्रदेश के तीन तस्करों को जेल भेजा जा चुका है। पुलिस की इस बैक-टू-बैक कार्रवाई से सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय नशा माफियाओं में हड़कंप मचा हुआ है।

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