रायपुर में कुष्ठ उन्मूलन पर राज्यस्तरीय वर्कशॉप, फार्माकोविजिलेंस और AMR पर विशेष फोकस
जिलों के स्वास्थ्य अधिकारियों को प्रशिक्षण, ADR रिपोर्टिंग व MDT सुरक्षा पर जोर
रायपुर । कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में आज राजधानी रायपुर के सर्किट हाउस, सिविल लाइन्स में राज्यस्तरीय कैपेसिटी बिल्डिंग वर्कशॉप का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत आयोजित इस कार्यशाला में प्रदेशभर से जिला कुष्ठ अधिकारी, स्वास्थ्य विशेषज्ञ एवं विभिन्न विकास सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

यह कार्यक्रम केंद्रीय कुष्ठ प्रभाग , स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। इसमें जिला कुष्ठ अधिकारी, राज्य कुष्ठ टीम एवं चिकित्सा महाविद्यालयों के प्रतिनिधियों के साथ विश्व स्वास्थ्य संगठन और ILEP के विशेषज्ञों की सक्रिय भागीदारी रही। साथ ही रीजनल लेप्रोसी ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट रायपुर तथा फार्माकोविजिलेंस प्रोग्राम ऑफ इंडिया से जुड़े विशेषज्ञों ने तकनीकी सत्रों में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान किया।
एक दिवसीय कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य जिला स्तर पर अधिकारियों की क्षमता को सुदृढ़ करना रहा। इस दौरान फार्माकोविजिलेंस के अंतर्गत दवाओं के दुष्प्रभाव की रिपोर्टिंग प्रणाली को मजबूत करने तथा मल्टी ड्रग थेरेपी की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इसके साथ ही एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस (AMR) सर्विलांस और राष्ट्रीय रणनीतिक योजना 2023–27 के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यशाला में कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा करते हुए जमीनी स्तर की चुनौतियों पर विचार-विमर्श किया गया तथा आगामी कार्ययोजना की रूपरेखा तैयार की गई। प्रशिक्षण उपरांत प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किए गए ।
विशेषज्ञों ने कहा कि इस प्रकार के क्षमता निर्माण कार्यक्रम न केवल स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार लाते हैं, बल्कि कुष्ठ उन्मूलन जैसे राष्ट्रीय लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से प्राप्त करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। रायपुर में आयोजित यह पहल प्रदेश की जनस्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के विशेषज्ञों की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर रीजनल लेप्रोसी ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट, रायपुर के निदेशक डॉ. संदीप जोगदंड, राज्य कुष्ठ अधिकारी छत्तीसगढ़ डॉ. जितेन्द्र कुमार, विश्व स्वास्थ्य संगठन भारत से टीम लीडर (हेल्थ सिस्टम्स) डॉ. ग्रेस अचुंगुरा, तकनीकी अधिकारी डॉ. मधुर गुप्ता, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान रायपुर से एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. पुगाझेन्थन थंगराजू, इंडियन फार्माकोपिया कमीशन की फार्माकोविजिलेंस एसोसिएट डॉ. जयश्री सुरेश तथा सेंट्रल लेप्रोसी ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट की असिस्टेंट डायरेक्टर डॉ. एम. स्वप्ना विशेष रूप से उपस्थित रहीं।

The News Related To The News Engaged In The www.apnachhattisgarh.com Web Portal Is Related To The News Correspondents The Editor Does Not Necessarily Agree With These Reports The Correspondent Himself Will Be Responsible For The News.
