जिला स्तरीय अम्बेडकर जयंती समारोह संपन्न, अम्बेडकर भवन का लोकार्पण व प्रतिभाओं का सम्मान
बालोद। ग्राम खल्लारी (कुसुम कसा) में रविवार, 19 अप्रैल 2026 को डॉ. भीमराव अम्बेडकर की 135वीं जयंती जिला स्तरीय भव्य कार्यक्रम के रूप में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। कार्यक्रम का आयोजन भारतीय बौद्ध महासभा जिला बालोद, परिक्षेत्रीय शाखा कुर्रूभाट एवं बौद्ध समिति खल्लारी के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विधायक प्रतिनिधि पीयूष सोनी रहे, जबकि अध्यक्षता जिला अध्यक्ष दिलीप मेश्राम ने की। विशिष्ट अतिथियों में एस.आर. कांडे, प्रज्ञा बौद्ध, सुरेंद्र मेश्राम, प्रीति उर्वसा एवं आत्माराम दुग्गा सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत नीला ध्वज फहराकर एवं बाबासाहेब के छायाचित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्ज्वलन और त्रिशरण पंचशील वंदना के साथ हुई। अतिथियों का पुष्पहार एवं स्मृति चिन्ह भेंटकर स्वागत किया गया।

अम्बेडकर भवन निर्माण की मांग, शीघ्र निर्माण का आश्वासन
कार्यक्रम के दौरान जिलाध्यक्ष दिलीप मेश्राम ने कुसुम कसा में सर्वसुविधायुक्त अम्बेडकर भवन निर्माण हेतु मांगपत्र प्रस्तुत किया। मुख्य अतिथि पीयूष सोनी ने इस मांग पर सकारात्मक आश्वासन देते हुए प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद शीघ्र भवन निर्माण कराने की घोषणा की।
बाबासाहेब के विचारों पर वक्ताओं ने रखे अपने मत
वक्ताओं ने अपने संबोधन में बाबासाहेब अम्बेडकर के जीवन, संघर्ष और संविधान निर्माण में उनके योगदान को याद करते हुए कहा कि शिक्षा, समानता और सामाजिक न्याय उनके विचारों की मूल आधारशिला रही है। महिलाओं के अधिकार, सामाजिक एकता और संगठित समाज की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
भव्य शोभायात्रा, प्रतिमा स्थापना व लोकार्पण
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में बुद्ध एवं अम्बेडकर की प्रतिमाओं के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इसके पश्चात नवनिर्मित अम्बेडकर भवन का लोकार्पण मुख्य अतिथि द्वारा किया गया। साथ ही बुद्ध-अम्बेडकर की अष्टधातु प्रतिमा की स्थापना भंते महेंद्र थेरो के सान्निध्य में संपन्न हुई।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने मोहा मन, प्रतिभाओं का सम्मान
समारोह में बच्चों द्वारा गीत, कविता एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने सभी का मन मोह लिया। शिक्षा, कला, खेल और विज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
इसके साथ ही समाजसेवा में योगदान देने वाले व्यक्तियों एवं प्रतिमा दान करने वाले दानदाताओं को भी सम्मानित किया गया।

एकता का संदेश, भव्य आयोजन
कार्यक्रम में जिलेभर से बड़ी संख्या में उपासक-उपासिकाएं एवं ग्रामीण शामिल हुए, जिससे सामाजिक एकता का संदेश प्रसारित हुआ। आयोजन के दौरान भोजन, स्वल्पाहार एवं पेयजल की समुचित व्यवस्था भी की गई।
अंत में संजय सावलकर ने आभार व्यक्त किया तथा ढालेश्वर सावलकर ने कार्यक्रम के समापन की घोषणा की। यह आयोजन सामाजिक समरसता, शिक्षा और संगठन की भावना को मजबूत करने वाला साबित हुआ।

The News Related To The News Engaged In The www.apnachhattisgarh.com Web Portal Is Related To The News Correspondents The Editor Does Not Necessarily Agree With These Reports The Correspondent Himself Will Be Responsible For The News.


